हरियाणा STF की बड़ी कार्रवाई: मलेशिया से वांछित गैंग सदस्य डिपोर्ट, 2026 में 15वां आरोपी भारत लाया

चंडीगढ़, 25 सितंबर 2026। विदेश में छिपकर आपराधिक गतिविधियों से जुड़े रहने वाले वांछित आरोपियों के खिलाफ हरियाणा पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने एक और कार्रवाई की है। एसटीएफ हरियाणा ने मलेशिया में मौजूद एक वांछित गैंग सदस्य को डिपोर्ट करवाकर भारत वापस लाया है। आरोपी को 24 सितंबर 2026 को मलेशिया से भारत लाया गया।
हरियाणा एसटीएफ के मुताबिक, यह वर्ष 2026 में विदेशों से वांछित अपराधियों को वापस लाने की कार्रवाई के तहत 15वां सफल डिपोर्टेशन है। आरोपी पर संगठित अपराध, फिरौती/रंगदारी और आर्म्स एक्ट से संबंधित आपराधिक गतिविधियों में शामिल होने के आरोप हैं।
करनाल-कुरुक्षेत्र और राजस्थान से जुड़ा आपराधिक नेटवर्क
डीआईजी एसटीएफ सुरेंद्र नरवाल ने अंबाला में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कार्रवाई की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि भारत लाया गया आरोपी हरियाणा में सक्रिय एक संगठित आपराधिक नेटवर्क से जुड़ा रहा है।
पुलिस के अनुसार आरोपी की आपराधिक गतिविधियों का संबंध करनाल, कुरुक्षेत्र और राजस्थान क्षेत्र से रहा है। उसके खिलाफ कुल दो आपराधिक मामले दर्ज बताए गए हैं, जिनमें थानेसर, जिला कुरुक्षेत्र और राजस्थान से जुड़े मामले शामिल हैं।
आरोपी पर पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार फिरौती/रंगदारी, संगठित अपराध और आर्म्स एक्ट से जुड़ी गतिविधियों में संलिप्तता के आरोप हैं।
विदेश भागने के बाद STF ने शुरू की तलाश
पुलिस के अनुसार आरोपी ने 4 मार्च 2024 को अमृतसर एयरपोर्ट से कुआलालंपुर के लिए उड़ान भरी थी। इसके बाद वह मलेशिया में रह रहा था और भारतीय एजेंसियों की पकड़ से बाहर था।
आरोपी के विदेश में होने की जानकारी मिलने के बाद हरियाणा एसटीएफ ने उसकी तलाश के लिए तकनीकी और इंटेलिजेंस इनपुट के आधार पर कार्रवाई शुरू की। इसके साथ ही राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों के साथ समन्वय स्थापित किया गया।
LOC और Red Corner Notice से बढ़ाया गया दबाव
एसटीएफ के मुताबिक आरोपी को भारत वापस लाने की कानूनी प्रक्रिया के तहत उसके खिलाफ Look Out Circular (LOC) जारी किया गया। इसके बाद Red Corner Notice (RCN) के माध्यम से भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उसकी तलाश का दायरा बढ़ाया गया।
पुलिस के अनुसार आरोपी का पासपोर्ट भी 16 मई 2026 को निरस्त किया गया था। इसके बाद संबंधित एजेंसियों के साथ लगातार संपर्क और कानूनी प्रक्रिया के जरिए उसे मलेशिया से भारत वापस लाने की कार्रवाई आगे बढ़ाई गई।
2026 में 15 वांछित अपराधी विदेश से वापस लाए
हरियाणा एसटीएफ के अनुसार वर्ष 2026 में अब तक विदेशों में छिपे 15 वांछित अपराधियों का सफल डिपोर्टेशन कराया जा चुका है।
एसटीएफ का कहना है कि विदेशों में मौजूद वांछित आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए इंटरपोल, केंद्रीय एजेंसियों तथा संबंधित विदेशी कानून प्रवर्तन संस्थाओं के साथ लगातार समन्वय किया जा रहा है।
इंटरनेशनल नेटवर्क पर STF की नजर
हरियाणा एसटीएफ की कार्रवाई अब केवल राज्य या देश की सीमाओं तक सीमित नहीं है। पुलिस के मुताबिक संगठित अपराध से जुड़े नेटवर्क पर कार्रवाई के लिए तकनीकी निगरानी, खुफिया इनपुट और अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों के साथ सूचना साझा करने की व्यवस्था का इस्तेमाल किया जा रहा है।
एसटीएफ का फोकस विदेशों में छिपे वांछित आरोपियों को कानूनी प्रक्रिया के तहत भारत वापस लाने के साथ-साथ संगठित आपराधिक नेटवर्क की गतिविधियों पर अंकुश लगाने पर है।



